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मेरा काम हो वैसा

हे प्रभु रघुनाथा! मेरा काम हो ऐसा जिसमें न लगे कोई पैसा  वैसे  जब पास में न हो पैसा तो काम न करुॅं वैसा              *** फिर भी; जब काम हो हीं ऐसा जबरदस्ता  तो ख़र्च करूॅं ऐसा चाहे बचे न मुझे पैसा              ****** लेकिन लेकिन लेकिन              ****** तब मेरा काम दौड़े ऐसा  जैसे  बच्चे को दौड़ाए कोई भैंसा              **** लेकिन लेकिन लेकिन              ***** प्रभु! ये होगा तभी तो वैसा  जब तूॅं पकड़े रहे मेरा नकबस्सा और खैंचे अपने तरफ़ बरबस्सा ~राजीव रंजन प्रभाकर.